बांग्लादेश में हिन्दू अल्पसंख्यक समुदाय के विरुद्ध लगातार बढ़ रही हिंसात्मक घटनाओं, हमलों, धार्मिक स्थलों के अपमान एवं मानवाधिकार उल्लंघन को लेकर गहरी चिंता व्यक्त करते हुए रज़ा यूनिटी फाउंडेशन, ज़िला बिलासपुर के प्रतिनिधिमंडल द्वारा भारत के माननीय प्रधानमंत्री के नाम एक ज्ञापन ज़िला कलेक्टर के माध्यम से सौंपा गया।

बिलासपुर/बांग्लादेश में हिन्दू अल्पसंख्यक समुदाय के विरुद्ध लगातार बढ़ रही हिंसात्मक घटनाओं, हमलों, धार्मिक स्थलों के अपमान एवं मानवाधिकार उल्लंघन को लेकर गहरी चिंता व्यक्त करते हुए रज़ा यूनिटी फाउंडेशन, ज़िला बिलासपुर के प्रतिनिधिमंडल द्वारा भारत के माननीय प्रधानमंत्री के नाम एक ज्ञापन ज़िला कलेक्टर के माध्यम से सौंपा गया।
ज्ञापन में भारत सरकार से यह मांग की गई कि वह बांग्लादेश सरकार से कूटनीतिक स्तर पर हस्तक्षेप कर वहां के हिन्दू अल्पसंख्यकों की सुरक्षा, धार्मिक स्वतंत्रता एवं मौलिक अधिकारों की रक्षा सुनिश्चित कराए। साथ ही अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार संगठनों के माध्यम से निष्पक्ष जांच एवं दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की पहल की जाए।
इस अवसर पर रज़ा यूनिटी फाउंडेशन ज़िला बिलासपुर के ज़िला अध्यक्ष श्री वसीम अंसारी, संगठन के सलाहकार श्री नाज़िम खान सहित समाज के प्रमुख गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में कहा कि किसी भी देश में अल्पसंख्यकों पर अत्याचार मानवता के विरुद्ध अपराध है और भारत जैसे लोकतांत्रिक देश की यह नैतिक जिम्मेदारी है कि वह शांति, सौहार्द और मानवाधिकारों के संरक्षण हेतु अपनी भूमिका निभाए।
रज़ा यूनिटी फाउंडेशन ने स्पष्ट किया कि संगठन सभी धर्मों, समुदायों और अल्पसंख्यकों के अधिकारों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है तथा बांग्लादेश में हिन्दू समुदाय के साथ हो रही हिंसा के खिलाफ शांतिपूर्ण, संवैधानिक और लोकतांत्रिक तरीके से आवाज उठाता रहेगा।
अंत में प्रतिनिधिमंडल ने आशा व्यक्त की कि भारत सरकार इस गंभीर विषय को प्राथमिकता देते हुए शीघ्र आवश्यक कूटनीतिक कदम उठाएगी, जिससे बांग्लादेश में अल्पसंख्यक समुदाय भयमुक्त होकर सम्मानपूर्वक जीवन व्यतीत कर सके।
— रज़ा यूनिटी फाउंडेशन, ज़िला बिलासपुर
